नई टिहरी, 12 जनवरी 2026:
हाइब्रिड कॉमर्स मार्केटप्लेस पिनकोडकार्ट ने भारत के 600 से अधिक सिटी हब्स में एक साथ, 11 जनवरी को एक राष्ट्रव्यापी, समुदाय-आधारित कार्यक्रम का सफल आयोजन किया। 17 जनवरी को होने वाली ग्रैंड सेल से पहले हुए इस महत्वपूर्ण एंगेजमेंट का मुख्य उद्देश्य डिजिटल कॉमर्स इकोसिस्टम में स्थायी आय, समावेशी विकास और काम की गरिमा को स्थापित करना रहा। यह कार्यक्रम, जो सिटी हब्स द्वारा स्थानीय स्तर पर आयोजित किया गया, मजबूत स्थानीय भागीदारी सुनिश्चित करने पर केंद्रित था। नई टिहरी में इस पहल का नेतृत्व मुकेश तोपवाल ने किया। कंपनी का फोकस तकनीक-सक्षम कॉमर्स मॉडल के माध्यम से लोगों को सशक्त बनाना और नए आय के अवसर प्रदान करना है। पिनकोडकार्ट और पिनकोडडाक के संस्थापक नरेश सैनी ने कहा, “हमारा लक्ष्य केवल तेज डिलीवरी नहीं, बल्कि हर पिनकोड पर टिकाऊ आय और व्यक्तियों के लिए दीर्घकालिक विकास सुनिश्चित करना है।”

इस कार्यक्रम में डिलीवरी पार्टनर्स के सामने आने वाली आय की अस्थिरता और सम्मान जैसी चुनौतियों का समाधान ‘वर्चुअल दुकानदार’ मॉडल के रूप में प्रस्तुत किया गया। यह अभिनव मॉडल स्थानीय पार्टनर्स को बिना किसी इन्वेंट्री जोखिम के डिजिटल स्टोर चलाने और फिक्स्ड भुगतान के बजाय रिटेल मार्जिन के माध्यम से कमाई करने का अवसर देता है, जिससे वे माइक्रो-उद्यमी बन सकते हैं। इसके अलावा, निर्माताओं को 19,000+ पिनकोड्स तक पहुंच बढ़ाने का मार्ग भी बताया गया। 5 लाख से अधिक आजीविका सृजित करने के महत्वाकांक्षी लक्ष्य के साथ, पिनकोडकार्ट अपने सिटी और मिनी हब्स के माध्यम से स्थानीय स्तर पर ऐसे सहभागिता कार्यक्रम जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि समुदायों को भारत की डिजिटल रिटेल अर्थव्यवस्था में सक्रिय और मूल्य-सृजन करने वाला भागीदार बनाया जा सके।